पश्चिम बंगाल के पुजारियों का बंद वेतन फिर शुरू करने की मांग

-महाकाल दर्शन करने आए बंगाल के राज्यमंत्री उमेश राय का महासंघ ने किया स्वागत
-मुख्यमंत्री तक बात पहुंचाने का मिला आश्वासन
उज्जैन (लोक वर्चस्व)। पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा पुजारियों का वेतन बंद किए जाने पर अखिल भारतीय पुजारी महासंघ ने चिंता व्यक्त की है। महासंघ ने महाकाल दर्शन करने आए पश्चिम बंगाल के संसदीय कार्य एवं शहरी विकास राज्यमंत्री उमेश राय से पुजारियों का वेतन पुनः प्रारंभ करने की मांग की है।
अखिल भारतीय पुजारी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष महेश पुजारी ने राज्यमंत्री उमेश राय का आत्मीय स्वागत किया। उन्हें भगवान महाकाल का प्रसाद और भस्म भेंट कर प्रदेश के पुजारियों की ओर से यशस्वी कार्यकाल का आशीर्वाद दिया। इस दौरान महेश पुजारी ने मंत्री को बंगाल के पुजारियों की समस्या से अवगत कराया।
उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा सनातन धर्म के मंदिरों के पुजारियों का वेतन बंद करना अनुचित है। आर्थिक संकट के कारण पुजारियों को भगवान की सेवा, पूजा, भोग और आरती के साथ-साथ अपने परिवार का पालन-पोषण करने में भारी परेशानी हो रही है। महासंघ ने राज्यमंत्री उमेश राय के माध्यम से मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से मांग की है कि पुजारियों का वेतन अतिशीघ्र शुरू किया जाए, जिससे मंदिरों की परंपरागत पूजा पद्धति निर्बाध रूप से चलती रहे और सनातन धर्म की ध्वजा लहराती रहे।
मंत्री ने दिया वेतन शुरू कराने का आश्वासन
राज्यमंत्री उमेश राय ने पुजारी महासंघ को आश्वासन दिया कि उनका यह संदेश बाबा महाकाल के दरबार से सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंचाया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार द्वारा शीघ्र ही पुजारियों का बंद वेतन फिर से प्रारंभ किया जाएगा।



